
नैनीताल स्थित उत्तराखंड हाईकोर्ट को हल्द्वानी के लामाचौड़ में स्थानांतरित करने की प्रक्रिया को गति देने के लिए राज्य सरकार ने केंद्र से सहयोग मांगा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने केंद्रीय वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव से मुलाकात कर प्रस्तावित हाईकोर्ट परिसर के लिए आरक्षित वन भूमि के हस्तांतरण और डायवर्जन की प्रक्रिया शीघ्र पूरी करने का अनुरोध किया।
मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मंत्री के साथ हुई बैठक में नैनीताल से हाईकोर्ट को हल्द्वानी स्थानांतरित करने और नए परिसर के निर्माण से जुड़े प्रस्ताव पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि नैनीताल में चाइना पीक की तलहटी में स्थित वर्तमान हाईकोर्ट परिसर के सामने भूस्खलन का खतरा, यातायात का बढ़ता दबाव और पर्यटन सीजन में वाहनों की अधिक आवाजाही जैसी समस्याएं बनी रहती हैं। इससे न्यायाधीशों, अधिवक्ताओं, वादकारियों और आम लोगों को आवागमन के साथ पार्किंग संबंधी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
सीएम ने कहा कि भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए आधुनिक और सुविधायुक्त न्यायिक परिसर विकसित करना जरूरी है। हल्द्वानी के लामाचौड़ में प्रस्तावित स्थल सड़क और राष्ट्रीय राजमार्गों से बेहतर तरीके से जुड़ा है। यहां स्थायी परिसर बनने से न्यायिक कार्यों के विस्तार के साथ न्यायाधीशों, अधिवक्ताओं और वादकारियों को भी बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी।
मुख्यमंत्री ने सर्वोच्च न्यायालय के आदेश का हवाला देते हुए कहा कि नए भवन के निर्माण के लिए निर्धारित समयसीमा में भूमि उपलब्ध कराने और उसका कब्जा एवं हस्तांतरण सुनिश्चित करना आवश्यक है। राज्य सरकार इस दिशा में संबंधित प्रक्रियाओं को प्राथमिकता से आगे बढ़ा रही है। केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने प्रस्ताव पर सकारात्मक रुख दिखाते हुए आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।





